दिल्ली से शुरू हुई धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की सनातन एकता पदयात्रा का आज तीसरा दिन है. जिसकी गूँज पूरे देश में सुनाई दे रही है. जो हरियाणा होते हुए अब वृंदावन की ओर बढ़ रही है।आज की यात्रा में प्रसिद्ध कथावाचक अनिरुद्धाचार्य जी भी शामिल हुए। दोनों संत भजन-संकीर्तन में लीन नजर आए, वहीं दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। यात्रा के दौरान एक अनोखा दृश्य देखने को मिला,दोनों संत सड़क किनारे बैठकर पूरी और आलू की सब्जी का प्रसाद ग्रहण करते दिखे। धीरेंद्र शास्त्री स्वयं भक्तों को भोजन परोसते नजर आए।इसी बीच एक युवक रावण की वेशभूषा में यात्रा में शामिल हुआ। मुस्कराते हुए शास्त्री जी ने कहा,आओ दशानन, क्या हाल है? युवक ने उत्तर दिया.महाराज जी, आपकी कृपा से यह रावण अब भगवान राम की शरण में है। इस पर शास्त्री जी बोलेदेखो हिंदुओं, अब तो दस मुख वाला भी हमारे साथ है! इससे पहले यात्रा में आज शिखर धवन और ग्रेट खली ने भी पहुंचकर संतों से आशीर्वाद लिया।धीरेंद्र शास्त्री ने कहा, हमारा उद्देश्य है जाति-पांति का भेद मिटाकर समाज को एक सूत्र में बांधना। यही सनातन एकता का संदेश है।”यह पदयात्रा 16 नवंबर को वृंदावन में सम्पन्न होगी और धर्म, एकता व देशभक्ति का संदेश देने वाली यह यात्रा इस समय पूरे देश में चर्चा का विषय बनी हुई है।
यह भी पढ़ें : उत्तराखंड राज्य स्थापना दिवस: पीएम मोदी ने रजत जयंती पर किया 8260 करोड़ की योजनाओं का शुभारंभ
बागेश्वर धाम के प्रमुख पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की सनातन एकता पदयात्रा रविवार को तीसरे दिन में प्रवेश कर गई। दिल्ली से शुरू हुई यह यात्रा हरियाणा से होते हुए वृंदावन की ओर बढ़ रही है।
आज यात्रा में कथावाचक अनिरुद्धाचार्य भी शामिल हुए। दोनों ने भजन में झूमते हुए भगवा ध्वज लहराया और रास्ते में साधारण भोजन पूड़ी और आलू की सब्जी का आनंद लिया। शास्त्री संतों और श्रद्धालुओं को भी भोजन परोसते नजर आए।
यात्रा के दौरान रोचक क्षण
- फरीदाबाद में लोग धीरेंद्र शास्त्री को देखने के लिए पेड़ों और यूनिपोल पर चढ़ गए।
- बुलडोजर से फूल बरसाए गए।
- सुरक्षा घेरा तोड़कर एक युवक शास्त्री के पास आया, जिसे बाद में शास्त्री ने अपने पास बुलाकर आशीर्वाद दिया।
- एक युवक रावण की पोशाक में आया, जिस पर शास्त्री ने मुस्कराते हुए कहा, “ये भगवान राम बोल रहा है।”
शास्त्री ने यात्रा के दौरान हिंदुओं को जागरूक करने और देश की एकता बनाए रखने की बातें भी कहीं। उन्होंने कहा कि धर्म और संस्कृति की सुरक्षा के लिए समाज में जागरूकता जरूरी है।
विशेष अतिथि और कार्यक्रम
- शनिवार को पूर्व क्रिकेटर शिखर धवन और कल्कि पीठाधीश्वर भी यात्रा में शामिल हुए।
- WWE रेसलर ग्रेट खली ने भी दोपहर के भोजन के बाद यात्रा में भाग लिया।
- शास्त्री ने कहा कि यह पदयात्रा जातियों के अहंकार को खत्म करने और सभी को एक सूत्र में पिरोने का प्रयास है।
यात्रा की झलकियां
- ढोल-नगाड़ों पर साधु-संत थिरकते हुए आगे बढ़ रहे।
- स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं ने जेसीबी, हाइड्रा और अन्य स्थानों से स्वागत किया।
- जिला प्रशासन ने यात्रा मार्ग में शराब के ठेके बंद कराए।
- मुस्लिम समाज ने भी यात्रा का समर्थन किया।
शास्त्री ने कहा, देश को जात-पात से मुक्त करना और हिंदू समाज की एकता बनाए रखना हमारी प्राथमिकता है। धर्म सुरक्षित रहेगा तो देश बचेगा।”पदयात्रा 16 नवंबर को वृंदावन में समापन करेगी।





